गाजियाबाद: नगर निगम द्वारा 1702 दुकानों का किराया बढ़ाया गया था ,लगभग 4 वर्षों से सभी व्यापारी थे परेशान इसमें समय-समय पर व्यापारियों द्वारा नगर निगम के अधिकारियों से बात भी की गई थी एवं धरना प्रदर्शन भी दिया गया था इसमें देखा गया कि जो गोल मार्केट है वह नगर निगम द्वारा सबसे पुरानी मार्केट बसाई हुई है व्यापारियों द्वारा अपना खून पसीना लगाकर इस मार्केट को चलाया गया है और यह मार्केट 1947 के पार्टीशन से आए लोगों को निगम द्वारा अलॉट की गई थी जिसका 1960 से सिटी बोर्ड नगर निगम को किराया दिया जा रहा था
नगर निगम द्वारा किराया काफी ज्यादा रखा गया था जिसमें व्यापारियों द्वारा निगम को कई बार आपत्ति भी दी गई अब फाइनली निगम के पार्षद, निगम के अधिकारी ,महापौर एवं व्यापारियों की एक सहमति बन गई है जिसमें ग्राउंड फ्लोर का किराया 4000 एवं ऊपर का किराया 2000 तय किया गया है लगभग रुपए ₹6000 प्रति माह का किराया अब निगम वसूलेगा, गोल मार्केट व्यापारी एवं वरिष्ठ समाजसेवी लगातार गाजियाबाद नगर आयुक्त श्री विक्रमादित्य सिंह मलिक आई ए स के संपर्क में थे और कई बार उनको अवगत भी कराया गया कि इस मार्केट के सभी लोग एक बराबर नहीं है एक तबका ऐसा भी है जो कम आय अर्जित करता है जिसको ध्यान में रखते हुए निगम ने यह बेहतरीन निर्णय लिया है जिसका तनुज गंभीर ने दिल से धन्यवाद किया
