उत्तराखंड के खिलाड़ियों को मिलेगा इनाम, नौकरी भर्ती प्रक्रिया अगस्त से

उत्तराखंड राज्य

देहरादून। उत्तराखंड के राष्ट्रीय खेलों में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। राज्य सरकार जल्द ही इन खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरी देने की प्रक्रिया शुरू करने जा रही है। खेल मंत्री रेखा आर्या ने विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा है कि अगस्त माह तक भर्ती संबंधी विज्ञप्ति जारी कर दी जाए, ताकि खिलाड़ियों को लंबे समय से प्रतीक्षित अवसर मिल सके।

मंगलवार को सचिवालय स्थित एफआरडीसी सभागार में आयोजित खेल विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान खेल मंत्री रेखा आर्या ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी उपलब्ध कराने की प्रक्रिया को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करना सरकार की जिम्मेदारी है और इस दिशा में किसी प्रकार की देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।

बैठक में प्रस्तावित खेल विश्वविद्यालय की तैयारियों की भी विस्तार से समीक्षा की गई। खेल मंत्री ने अधिकारियों को नए शैक्षणिक सत्र के संचालन के लिए आवश्यक नियुक्तियों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि पहले सत्र में पढ़ाए जाने वाले विषयों का चयन पहले ही किया जा चुका है और अब संस्थान को समय पर शुरू करने की दिशा में तेजी से कार्य किया जा रहा है।

राज्य में खेल शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित किए जा रहे लोहाघाट महिला स्पोर्ट्स कॉलेज को लेकर भी महत्वपूर्ण जानकारी साझा की गई। मंत्री ने बताया कि कॉलेज में प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और जुलाई माह से पहला शैक्षणिक सत्र आरंभ कर दिया जाएगा। यह संस्थान प्रदेश की महिला खिलाड़ियों के लिए नए अवसरों के द्वार खोलेगा।

बैठक में आगामी 39वें राष्ट्रीय खेलों की तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। खेल मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खिलाड़ियों के चयन और प्रशिक्षण कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने के लिए जल्द ही उत्तराखंड ओलंपिक संघ के साथ बैठक आयोजित की जाए। उन्होंने कहा कि राज्य के खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और सुविधाएं उपलब्ध कराकर राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए तैयार किया जाए।

खेल क्षेत्र के समग्र विकास को ध्यान में रखते हुए बैठक में नई खेल नीति तैयार करने के कार्य की भी समीक्षा की गई। इसके साथ ही प्रदेश के प्रत्येक विकासखंड में मिनी स्टेडियम स्थापित करने की महत्वाकांक्षी योजना को तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए। सरकार का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों तक खेल सुविधाओं का विस्तार करना और युवा प्रतिभाओं को बेहतर मंच प्रदान करना है।

समीक्षा बैठक में विशेष प्रमुख खेल सचिव अमित सिन्हा, खेल निदेशक दीप्ति सिंह, उपनिदेशक शक्ति सिंह सहित खेल विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने विभिन्न परियोजनाओं और योजनाओं की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।

राष्ट्रीय खेलों के पदक विजेताओं को आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरी देने की पहल राज्य के खिलाड़ियों के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित हो सकती है। इससे न केवल खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ेगा बल्कि युवाओं को खेलों में करियर बनाने के लिए भी प्रेरणा मिलेगी। साथ ही खेल विश्वविद्यालय, महिला स्पोर्ट्स कॉलेज और नई खेल नीति जैसी पहलें उत्तराखंड को खेल क्षेत्र में नई पहचान दिलाने की दिशा में अहम भूमिका निभाएंगी।

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