साइको संजय भाटी के कारनामों के कारण नोएड़ा गाजियाबाद की पत्रकारिता तोड़ रही है दम
आबकारी अधिकारी के पास बैठकर रच रहा फर्जी मुकदमे का षणयंत्र, लेकिन रहेगा विफल
कुछ समय पहले शराब की ओवर रेटिंग बन्द कराने के लिए पीट रहा था ढोल,लेकिन अब खुल गई इसकी सारी पोल
अवैध वसूली एंव महीनेदारी लेने के लिए साइको ने चलाया था फर्जी अभियान,लेकिन जनहित में हो गई अब पहचान
जनता के सामने बनता है साइको हरिश्चंद्र, लेकिन है बहुत बड़ा शातिर दलाल
साइको संजय भाटी के है कई रूप,समाजसेवी बनकर दिन रात करता है लूट
आखिर क्यों नहीं हो रही है इस साइको संजय भाटी पर कार्यवाही,बड़ा सवाल
नोएड़ा/गाजियाबाद:-समाज को आईना दिखाने वाला पत्रकार ही जब कलंकित होने लगे तो आखिर अपने चेहरे की कमियों को ढूंढने वाला इंसान कहां जाकर अपनी कमियों को देखे ? पत्रकारिता के मामले में कहा जाए तो इस समय पत्रकारिता दो भागों में बटी हुई है | एक भाग वह है जिसे गोदी मीडिया /दलाल मीडिया का नाम दिया जा चुका है और दूसरी पत्रकारिता अभी भी निष्पक्ष और निर्भीक हो रही है। लेकिन निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारों की संख्या दलाल मीडिया के आगे ना के बराबर है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं की सच्चाई खत्म हो गई, अभी निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारों के कारण पत्रकारिता आख़िरी सांस ले रही है ।सोशल मीडिया पर भी पत्रकारिता अपनी ताक़त का प्रदर्शन कर रही है । सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ने भी किसी को उखाड़ फेंकने के लिए अहम् भूमिका निभाने शुरू की है ।बहरहाल इस समय कुछ यूट्यूबर और पोर्टल चैनल के अलावा तथाकथित पत्रकारों ने इस प्लेटफार्म को सिर्फ इसलिए गोद ले रखा है कि वह इसके माध्यम से गरीब बाज़ारी करें और अपना जीवन यापन दलाली अवैध वसूली के दम पर गुज़ार सकें । यह दलाल पत्रकार डरा धमकाकर लोगों का उत्पीड़न करके अवैध रूप से कमाए गए धन से अपना जीवन यापन कर रहे हैं।इसी प्रकार के एक दलाल किस्म के पत्रकार गैंग की कहानी यूपी न्यूज एक्सप्रेस अपनी जुबानी बता रहा है ।
वर्तमान समय में नोएड़ा गाजियाबाद में पत्रकारिता अपना दम तोड़ रही है इसका मुख्य कारण सिर्फ एक गैंग साइको संजय भाटी ।इस गैंग में दलाल राजा मौर्या ,देव कुमार मिश्रा जैसे लोगों की भर्ती है ।इस गैंग के क्रियाकलापों के बारे में आज विस्तार से बताने जा रहे हैं ।इस गैंग का प्रमुख कार्य दिन रात दलाली एंव अवैध वसूली करना है और इसके साथ अच्छे ईमानदार पत्रकारों पर आरोप लगाकर बदनाम करना है ।इस गैंग का प्रमुख सरगना संजय भाटी है लेकिन इसके आगे अब कुछ लोग साइको भी लगाते हैं इस साइको शब्द का भी बहुत बड़ा अर्थ है ।इसको साइको इसलिए भी कहा गया है कि यह पूरी तरह गलत होने के बावजूद भी कभी अपने आपको गलत नहीं मानता दूसरा हर किसी पर आरोप लगाने लग जाता है एक तो बहुत बड़ी बात है कि इस साइको संजय भाटी ने नोएड़ा के जिलाधिकारी पर ही आरोप लगा दिया था कि अगर मेरी हत्या होती है तो इसमें जिलाधिकारी का हाथ होगा और जिलाधिकारी जिम्मेदार होंगे ।बरहाल इसकी हत्या कौन करेगा इससे किसको क्या मतलब है?
*साइको संजय भाटी की नौटंकी के कारण पत्रकारिता की हो रही है दुर्दशा*
साइको संजय भाटी गैंग का आतंक एंव साइको की नौटंकी इस समय चरम सीमा पर है ।अगर कोई अच्छा पत्रकार इस गैंग के कारनामों की खबर प्रकाशित कर दे या इस गैंग के बारे एक शब्द लिख दे तो ये समझ लो उस अच्छे पत्रकार के लेने के देने पड़ जाएंगे ।खबर पढ़ते ही साइको को पागलपन के दौरे पड़ने लगते हैं ।फिर यह साइको रात के 2 बजे वीडियो बनाने लग जाता है कभी रात में मीडिया क्लब के सामने खड़े होकर बोलने लग जाता है यानी उस अच्छे पत्रकार की छवि को जनता में धुमिल करने के लिए अपनी सारी हदें पार कर देता है ।इस गैंग में उपस्थित सभी पत्रकार अवैध वसूली एंव दलाली के कारण काफी जगह पिटे हैं जनता ने दौड़ा दौड़ाकर मारा है ।लेकिन फिर भी साइको संजय भाटी नाक पर मक्खी नहीं बैठने देगा ।इसकी रोजाना की नौटंकी के कारण नोएड़ा गाजियाबाद में पत्रकारिता की दुर्दशा हो रही है ।यह साइको सरकार को भी गिरा देता है और बना देता है यानी इसके हिसाब से लोकतंत्र का सारा बहुमत इसी के पास है इससे यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि यह कितना बड़ा साइको पागल है ।
*सैकड़ों ट्विटर आईडी का भी मास्टर है साइको संजय भाटी*
वर्तमान दौर सोशल मीडिया का दौर है और इस समय साइको संजय भाटी गैंग सोशल मीडिया के माध्यम से अपनी अवैध वसूली की दुकान धड़ल्ले से चला रहा है ।इस गैंग की सैकड़ों ट्विटर आईडी हैं और साइको संजय भाटी सैकड़ो आईडी का मास्टर है ।ट्विटर पर यह गैंग शराब की दुकानें,गांजा,अवैध शराब,स्पा ,सट्टा की वीडियो बनाकर डालते हैं और फिर वीडियो में उपस्थित युवक से वीडियो को डिलीट करने के एवज में सौदेबाजी करते हैं और जैसे दोनों के बीच सौदा हो जाता है ।तो यह दलाल किस्म के पत्रकार रुपए लेकर ट्वीट को डिलीट कर देते हैं ।ट्वीट करके जैसे ही उस युवक से पैसे लेते हैं तो उस युवक को ट्विटर आईडी का नाम पता पड़ जाता है ।तो यह साइको संजय भाटी गैंग तत्काल ही ट्विटर आईडी को बदल देती है इस प्रकार इनकी सैकड़ो आईडी है जिनसे इनके अवैध धंधे चल रहे हैं ।
*शराब ओवर रेट साइको नहीं बता रहा भ्रष्टाचार, लेकिन कुछ समय पहले पीट रहा था ढोल*
इस साइको संजय भाटी के कारनामों की बात अगर खुलकर विस्तार में लिखी जाए तो सारा अखबार कम पड़ जाएगा लेकिन संक्षेप में ही सारी बातें बता देते हैं ।जिला गाजियाबाद के आबकारी अधिकारी संजय कुमार के पास बैठकर साइको संजय भाटी ने एक वीडियो बनाई और वीडियो आबकारी अधिकारी एंव इसके बीच मे हुई चर्चा की थी ।वीडियो को साइको ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया ।उस वीडियो में साइको संजय भाटी बोल रहा है कि शराब की ओवर रेटिंग कोई भ्रष्टाचार नहीं है ना ही कोई बड़ी घटना है यह एक छिटपुट घटना है ।इससे कोई भ्रष्टाचार नहीं हो रहा है फालतू में पत्रकार वसूली करने के लिए ओवर रेट की खबरों को प्रकाशित कर रहे हैं ।लेकिन जिस प्लेटफार्म पर ओवर रेट की खबर प्रकाशित हुई वह एक निष्पक्ष एंव ईमानदार पत्रकार हैं उनका वसूली से दूर दूर तक कोई वास्ता नहीं है ।
* *आबकारी विभाग के उच्च अधिकारियों को एंव जनता को भी होना चाहिए जागरूक*
गाजियाबाद के जिला आबकारी अधिकारी के साथ साइको संजय भाटी की वीडियो वायरल हो रही है ।लेकिन जिम्मेदार पद पर मौजूद आबकारी अधिकारी को सोचना चाहिए कि जो इंसान बगल में बैठा गंगाधर ही शक्तिमान है ।बहुत बड़े दलाल गैंग का सरगना है ।अधिकारी को दलाल किस्म के लोगों को अपने पास नहीं बैठाना चाहिए और ट्वीटर डिलीट गैंग पर भी कार्यवाही करनी चाहिए ।जो इंसान बगल में बैठकर अनाप शनाप बातें कर रहा है और अपने आपको हरिश्चंद्र साबित करने का प्रयास कर रहा है अन्य अच्छे पत्रकारों पर आरोप लगाकर आबकारी अधिकारी से कार्यवाही कराने की बातें कर रहा है ।लेकिन निष्पक्ष और ईमानदार पत्रकारों पर कार्यवाही होगी नहीं इस साइको का यह मकसद विफल हो जाएगा ।इसके साथ अब साइको संजय भाटी गैंग से जनता को भी दूर रहना चाहिए ।क्षेत्रवासियों से इस खबर के माध्यम से हम अपील कर रहे हैं कि इस साइको संजय भाटी के कारनामों की सभी वीडियो देखें उसके बाद अपनी प्रतिक्रिया दें कि यह किस प्रकार का इंसान हैं ।जनता को भी जागरूक होने की जरूरत है।
