सुख-दुःख जीवन के दो पहलू हैं और प्रत्येक पहलू में ईश्वर को निरन्तर याद करते रहना चाहिए जिला मंत्री राजेश तिवारी
।। दुःख में सुमिरन सब करे,सुख में करै न कोय।जो सुख में सुमिरन करे,दुःख काहे को होय ।।

प्रयागराज। सुख-दुःख जीवन के दो पहलू हैं और प्रत्येक पहलू में ईश्वर को निरन्तर याद करते रहना चाहिए यह अभिव्यक्ति एशोसिएशन बोरिंग टेक्नीशियन प्रयागराज के जिला मंत्री राजेश तिवारी ने विद्रोही सामना हिन्दी दैनिक समाचार पत्र के संपादक अलीम भाई से बैंक ऑफ बड़ौदा के समीप मऊआइमा प्रयागराज में कही।संज्ञानित कराते चले कि जिला मंत्री एवं संपादक अलीम भाई के बीच बहुत ही घनिष्ठता के सम्बन्ध एवं परिवारिक रिश्ते हैं।जिला मंत्री ने अपने उद्बोधन में कहा कि सुख-दुःख जीवन के दो पहलू हैं और प्रत्येक पहलू में ईश्वर को निरन्तर याद करते रहना चाहिए।मनुष्य जीवन में चाहे सुख हो या दुःख हो ईश्वर सदैव मनुष्य की परीक्षा लेता रहता है।जब यह मनुष्य भलीभाँति जानता है कि ईश्वर राई को पर्वत बना सकता है और पर्वत को राई।जिन्दे को मुर्दा कर सकता है और मुर्दे को जिन्दा फिर भी यह मनुष्य माया-मोह के जाल में फसकर ईश्वर को भूल जाता है जिस कारण उसके सामने दुःखों का अम्बार लग जाता है जिससे मनुष्य का जीवन नर्कगामी बन जाता है।ईश्वर हर स्थिति में वन्दनीय एवं पूज्यनीय है क्योंकि उसने हमें इस विशाल संसार को देखने एवं सद्कर्म करने का अवसर प्रदान किया है।इसीलिए कहा गया है कि-दुःख में सुमिरन सब करे,सुख में करै न कोय,जो सुख में सुमिरन करे,दुःख काहे को होय।जिला मंत्री ने आगे यह भी विद्रोही सामना के संपादक अलीम भाई अत्यन्त सरल स्वभाव एवं मृदुभाषी हैं।ईश्वर में पूर्ण आस्था एवं सत्यप्रिय एवं न्यायप्रिय स्वभाव के व्यक्तित्व के धनी हैं।गरीबों-दुखियारों के उत्थान हेतु सतत प्रयासरत रहते हैं और मित्रों के प्रति पूर्णनिष्ठा एवं सौहार्दपूर्ण भाव निरन्तर रखते हैं।इस अवसर पर उपस्थित वरिष्ठ समाजसेवी एवं पूर्व भाजपा मण्डल अध्यक्ष मेजा पं० रुप नारायण मिश्रा ने कहा कि जिला मंत्री ने मानव-उद्धार हेतु कितनी ही सरलतम भाषा में ज्ञान-प्रवाह किया एवं संपादक अलीम भाई से मिलने पर हृदय पूर्णरुप से गदगद एवं भावविभोर हो गया।इस अवसर पर उपस्थित वरिष्ठ समाजसेवी पं० शेषमणि शुक्ला ने कहा कि जिला मंत्री का जन्म हमारे मेजा में होना ईश्वर का एक अनमोल उपहार है जो हमेशा ही मानव-कल्याण की अगूढ़ वार्ता जिला मंत्री से प्राप्त होती रहती हैं और यह जिला मंत्री की ही देन है जो अलीम भाई से मिलने का आज सौभाग्य प्राप्त हुआ।इस साहित्यिक एवं आध्यात्म जगत की वार्ता के दौरान आचार्य प्रकाशानन्द जी महाराज,शिक्षाविद कमलेश पाण्डेय,शिक्षाविद जोखू लाल पटेल एवं आनन्द कुमार सहित आस-पास बहुत से लोग मौजूद रहे।
