गाजियाबाद जिले का प्रतिष्ठित स्कूल कहा जाने वाला डीपीएस जी स्कूल द्वारा बच्चों कि पढ़ाई के नाम पर 2 घंटे अतिरिक्त बढ़ाए जाने का विरोध थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को डीपीएस जी स्कूल के हजारों अभिभावकों ने विरोध का स्वर एक सूर मैं लिए जिला प्रशासन पर चढ़ाई की, हजारों की संख्या में अभिभावक सुबह 10:00 से ही जिला प्रशासन पर पहुंचने शुरू हो गए जिनके समर्थन में गाजियाबाद पेरेंट्स एसोसिएशन(जीपीए) संगठन की टीम ने सुबह से ही मोर्चा संभाल रखा था। और जीपीए सचिव अनिल सिंह ने अभिभावकों को संबोधित किया। अनिल सिंह ने कहा कि डीपीएस जी स्कूल की मनमानी नहीं चलने दी जाएगी, एसोसिएशन अभिभावकों के साथ खड़ी है।जैसे ही डीएम साहब कार्यालय पहुंचे गाजियाबाद पेरेंट्स एसोसिएशन के नेतृत्व में समस्त अभिभावक डीएम साहब के कार्यालय की ओर कूच किया, लेकिन डीएम साहब के द्वारा पांच आदमियों को वार्ता के लिए बुलाने के लिए कहा जिसे अभिभावकों ने स्वीकार नहीं किया। अभिभावकों की मांग थी की समस्त अभिभावकों के सामने डीएम साहब आकर संबोधित करें। ऐसा नहीं हुआ सिटी मजिस्ट्रेट संतोष उपाध्याय जी आए और अभिभावको को समझाने का प्रयास किया, सीएम साहब ने कहा की स्कूलों द्वारा बढ़ाया गया 2 हॉर्स का अतिरिक्त समय डीएम साहब के कार्य क्षेत्र से बाहर है, जिस पर अभिभावक भड़क उठे अभिभावकों में खासा रोष दिखाई दिया। अभिभावकों ने आरोप लगाया कि स्कूल प्रशासन बच्चों के साथ किसी तरह का प्रयोग कर रहा है और अतिरिक्त स्कूल समय बढ़ाने की अभिभावकों से स्वीकृति नहीं ली गई। छोटे छोटे बच्चों का स्कूल में पढ़ाई से लेकर घर पहुंचने में 10 से 11 घंटे लग रहे हैं बच्चों का सारा शेड्यूल खराब हो गया है बच्चे मानसिक तनाव में हैं। तत्पश्चात जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी व जिला विद्यालय निरीक्षक अभिभावकों के बीच पहुंचे और पुनः जिलाधिकारी से बात करने की बात कहकर चले गए।
अभिभावक अपनी एक मांग पर अड़े रहे कि जब तक स्कूल की समय सारणी पहले जैसी नहीं हो जाती तब तक घर नहीं जाएंगे। अभिभावकों ने जिलाधिकारी से मांग की कि वह लिखित में दें कि जिले के कलेक्टर जिलाधिकारी के पास जिले के स्कूल की अनुचित समय सारणी में तब्दीली को रोकने के लिए पावर नहीं है। जिला प्रशासन गेट पर भारी संख्या में महिलाएं रोष व्यक्त करती रही।
दोपहर 3:00 बजे तक जिला प्रशासन गाजियाबाद के गेट पर अभिभावक प्रदर्शन करते रहे जिला प्रशासन द्वारा एसीपी सूर्यबली बली मौर्य व स्थानीय एसएचओ द्वारा पुलिस बल बुला लिया गया। पुलिस द्वारा अभिभावकों पर मुकदमा लिखे जाने का डर दिखाया लेकिन अभिभावक टस से मस नहीं हुए। डीपीएस जी के अभिभावाक स्कूल प्रबंध निदेशक ओम पाठक व जिला प्रशासन,शिक्षा विभाग के खिलाफ नारे लगाते रहे। अंत में शाम 4 बजे जीपीए सचिव अनिल सिंह ने अभिभावकों के साथ सिटी मजिस्ट्रेट संतोष उपाध्याय के साथ उनके कार्यालय में मीटिंग की जिस पर अभिभावकों को सिटी मजिस्ट्रेट ने आश्वस्त किया और पांच दिन का समय मांगा। और बताया की सीबीएसई,एनसीपीसीआर, एनसीएफ आदि विभागों को मेल की गई है। जिसका रिज़ल्ट जल्द आ जाएगा इस पर सभी अभिभावक 5 दिन का समय लेकर अपने घरों को लौट गए।
